जेडी न्यूज विजन….
लंबित बिजली बिलों के भुगतान के बदले मांगे थे 2 लाख…
शाहाबाद/ हरदोई जनपद के अंतर्गत आने वाली शाहाबाद नगर पालिका परिषद के अधिशासी अधिकारी (EO) को सोमवार की दोपहर लखनऊ विजिलेंस (सतर्कता अधिष्ठान) की टीम ने एक बड़ी और गोपनीय कार्रवाई करते हुए 2,00,000 (दो लाख) रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया।
भ्रष्टाचार के आरोपी अधिकारी ने नगर पालिका में बिजली का काम करने वाले एक स्थानीय ठेकेदार के लंबे समय से रुके हुए बिलों के भुगतान को जारी करने के एवज में इस मोटी रकम की मांग की थी। विजिलेंस की इस औचक और बड़ी कार्रवाई से नगर पालिका कार्यालय सहित जिले के प्रशासनिक महकमे में जबरदस्त हड़कंप मच गया है।
जानकारी के अनुसार, सदर बाजार के खंजाची टोला निवासी ठेकेदार स्वदेश कुमार गुप्ता ने लखनऊ सेक्टर के पुलिस अधीक्षक (सतर्कता अधिष्ठान) से लिखित रूप में एक गंभीर शिकायत दर्ज कराई थी। पीड़ित ठेकेदार ने बताया था कि उनकी फर्म ‘लक्ष्मी इलेक्ट्रिकल्स’ शाहाबाद नगर पालिका परिषद में विद्युत आपूर्ति, रखरखाव और नए अधिष्ठापन (इंस्टॉलेशन) से संबंधित सरकारी कार्यों का ठेका संभालती है। फर्म द्वारा कराए गए विभिन्न विकास कार्यों के कई महत्वपूर्ण बिल काफी लंबे समय से नगर पालिका कार्यालय में लंबित पड़े हुए थे, जिन्हें पास करने की फाइल आगे नहीं बढ़ाई जा रही थी।
बिल पास करने के बदले अटका रखी थी फाइल, गोपनीय जांच में सही मिले आरोप पीड़ित ठेकेदार का आरोप है कि अधिशासी अधिकारी कृष्ण कुमार सोनकर ने इन सभी बकाया और लंबित बिलों के अंतिम भुगतान को जारी करने के लिए सीधे 2 (दो) लाख रुपये की रिश्वत की मांग की थी। आरोपी अधिकारी ने साफ शब्दों में चेतावनी दी थी कि जब तक तय की गई यह रकम उन तक नहीं पहुंचाई जाएगी, तब तक किसी भी लंबित बिल का भुगतान ट्रेजरी से नहीं होने दिया जाएगा। शिकायत मिलने के बाद सतर्कता अधिष्ठान लखनऊ की टीम ने पूरे मामले का बेहद गोपनीय तरीके से भौतिक सत्यापन कराया। कई दिनों की निगरानी और जांच के दौरान जब रिश्वत मांगे जाने के आरोप बिल्कुल सही पाए गए, तो विजिलेंस के उच्चाधिकारियों ने आरोपी अधिकारी को दबोचने के लिए एक सुव्यवस्थित ट्रैप ऑपरेशन की योजना बनाई।
सरकारी आवास पर जैसे ही पकड़ी नोटों की गड्डी, विजिलेंस टीम ने दबोचा
तय रणनीति और जाल के अनुसार, सोमवार की दोपहर शिकायतकर्ता ठेकेदार स्वदेश कुमार गुप्ता रिश्वत की तय रकम लेकर शाहाबाद स्थित अधिशासी अधिकारी के सरकारी आवास पर पहुंचे। जैसे ही ठेकेदार ने ईओ कृष्ण कुमार सोनकर को केमिकल युक्त नोटों की गड्डी सौंपी और अधिकारी ने उसे स्वीकार किया, ठीक उसी समय वहां घात लगाकर बैठी लखनऊ सेक्टर की विजिलेंस ट्रैप टीम ने अचानक छापा मार दिया। टीम ने मौके पर ही अधिकारी के हाथों को धुलवाया, जिससे रिश्वत लेने की वैज्ञानिक पुष्टि भी हो गई। विजिलेंस की टीम ने मौके से भ्रष्टाचार की पूरी रकम बरामद कर आरोपी को तुरंत अपनी कस्टडी में ले लिया।
विजिलेंस के आधिकारिक सूत्रों ने बताया कि गिरफ्तार किए गए आरोपी अधिकारी के खिलाफ थाना सतर्कता अधिष्ठान, लखनऊ सेक्टर में भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम (Prevention of Corruption Act) की विभिन्न सुसंगत और गंभीर धाराओं के तहत मुकदमा पंजीकृत कर लिया गया है। इसके साथ ही टीम उनके अन्य वित्तीय रिकॉर्ड्स और आय से अधिक संपत्ति के कोणों को भी खंगालने में जुट गई है। इस कार्रवाई के बाद से शाहाबाद पालिका परिसर में सन्नाटा पसरा हुआ है और स्थानीय व्यापारियों व ठेकेदारों ने इस त्वरित कार्रवाई का स्वागत किया है।
Jd News Vision